ब्यूरो चीफ – शेख सिराजुद्दीन, आकोला (नेशनल टाइम न्यूज़)
आकोला। क्षेत्र में बरसों पुराने बंद पड़े जर्जर पटवार भवन की हालत पर उठी आवाज़ पर नगरपालिका अधिशाषी अधिकारी ने लिया तुरंत संज्ञान। आकोला नगर पालिका क्षेत्र में वर्षों पुराना पटवार भवन आज जर्जर अवस्था में है।

टूटती दीवारें, पेड़ों की जड़ों से जकड़ा भवन की दीवारें और ढहते ढांचे को देखकर ये कहना कठिन नहीं कि यह भवन किसी भी दिन बड़े हादसे की वजह बन सकता है। हाल ही में नगर के कुछ सजग नागरिकों ने इस स्थिति को पत्रकारों एवं प्रशासन के संज्ञान में लाकर जनसुरक्षा की दिशा में सराहनीय पहल की। नगरपालिका आलाधिकारी ने पटवार भवन की तकनीकी जाँच के साथ, वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की गई।

नगर पालिका क्षेत्र में गाँव के बीच आबादी क्षेत्र में बरसों पुराने बन्द पड़े जर्जर पटवार भवन के बारे में सूचना पर पहुंचे प्रशासन ने तुरंत सड़क के दोनों ओर बांस लगाकर रास्ते को बंद कर दिया है। पालिका क्षेत्र के शीतला माता चौक में बरसों पुराना पटवार भवन बना हुआ है, जिसकी जर्जरता को देखते हुए करीब 10 साल पहले पटवारी गिरदावर यहां बैठना बन्द कर दिया था।

उक्त पटवार भवन के बारे में गत 10 सालों में मोहल्लावासियों ने कई बार प्रशासन को इसकी जर्जरता को देखते हुए इसे धराशाही करने के बारे में सूचित किया था। उन्होंने इस सम्बंध में प्रमुख अख़बारों में खबर प्रकाशित की थी लेकिन प्रशासन ने कुछ नहीं किया। झालावाड़ क्षेत्र में विद्यालय में घटी घटना के बाद मोहल्ला वासियों आकोला भाजपा नगर अध्यक्ष शंकर साहु को इस संबंध में बताया कि उक्त पटवार भवन कभी भी गिर सकता है और बड़ा हादसा भी हो सकता है। इस पर उन्होंने नगरपालिका एवं ग्रामवासियों ने इसकी जर्जरता को देखते हुए इसे धराशाही करने के बारे में सूचित किया था, जिस पर नगरपालिका अधिशाषी अधिकारी कृष्ण गोपाल माली, कनिष्ठ अभियंता हितेश मोरिया, नगर मंडल अध्यक्ष शंकर साहु, महामंत्री हिम्मत टांक मौके पर पहुँचकर मौका मुआयना कर नगरपालिका अधिशाषी अधिकारी कृष्ण गोपाल माली ने जर्जर भवन के दोनों और बांस लगवाकर रास्ते को बंद करवाया। आलाधिकारियों को सूचित कर जर्जर भवन को गिराने की प्रक्रिया को अंजाम देगे।

फोटो आकोला। जर्जर पुराना पटवार भवन का मौका मुआयना करते अधिकारी।
